राष्ट्र चंडिका भोपाल। मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने आज 14 मई की शाम 7:00 बजे मध्य प्रदेश की जनता को संबोधित करते हुए यह स्पष्ट कर दिया कि मध्य प्रदेश के किसी भी जिले में और जिले किसी भी शहर में कोरोना कर्फ्यू नहीं खुलेगा।

मध्य प्रदेश की जनता को संबोधित करते हुए सीएम शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि कोरोना के मामले में प्रदेश की स्थिति नियंत्रण में दिखाई दे रही है परंतु चिंता की स्थिति अभी खत्म नहीं हुई है, संक्रमण कभी भी लगातार बढ़ ही रहा था अभी नियंत्रण में है और आगे बढ़ भी सकता है.
इसे पूरी तरह से नियंत्रण में करने के लिए कर्फ्यू का लागू रहना जरूरी है। हालाँकि उम्मीद तो यही की जा रही थी कि जिन 7 जिलों में संक्रमण की दर 5% से कम है, वहां कोरोना कर्फ्यू खत्म कर दिया जाएगा, परंतु मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कड़ा फैसला लेते हुए अभी कोरोना कर्फ्यू को बरकरार रखने के पक्ष में बयान दिया
कोरोना कर्फ्यू में ढील चाहती है MP की जनता और दुकानदार
लगभग 1 महीने से मध्य प्रदेश की जनता कोरोना कर्फ्यू का पालन कर रही है लेकिन अब परेशानियां बढ़ने लगी है, क्योंकि केवल दूध और सब्जी से काम नहीं चलता. मार्केट का खुलना जरूरी है, जनता चाहती है कि निर्धारित शर्तों और कुछ समय सीमा के साथ ही साथ सप्ताह में 1 दिन के लिए या किसी भी प्रकार से जैसा सरकार उचित समझें, कोरोना कर्फ्यू में ढील दी जानी चाहिए
मध्य प्रदेश की जनता को सीएम के संबोधन की जरूरी बातें
मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि जिन कोरोना मरीजों को ठीक होने के बाद पोस्ट कोविड केयर की आवश्यकता है, उनका देखभाल कोविड केयर सेंटर में की जाए। इन सेंटर्स पर डॉक्टर की सलाह अनुसार ऐसे व्यक्तियों को आवश्यक उपचार उपलब्ध कराया जाएगा। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि ब्लेक फंगस के बढ़ते मामलों को देखते हुए आवश्यक व्यवस्थाएँ स्थापित की जा रही हैं। इस बीमारी के लिए उपयोगी दवा की कालाबाजारी और जमाखोरी को रोकने के लिए जिला प्रशासन सतर्क रहे।
मुख्यमंत्री l शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि जो बच्चे 10वीं की परीक्षा देने वाले थे, वह परीक्षा नहीं होगी। उन्हें मूल्यांकन कर पास किया जाएगा। 12वीं की परीक्षा भी स्थगित की गई है। परिस्थितियों के सामान्य होने पर ये परीक्षा आयोजित की जाएगी।
मुख्यमंत्री ने कहा है कि अभी हम सभी को मिलकर लड़ाई लड़ना है। सारे लोग मतभेद भूलकर एक हो जाएँ और मध्यप्रदेश को कोविड संक्रमण से पूरी तरह मुक्त करने का संकल्प लें। हमें अपनी जीवनशैली में योग, प्राणायाम और व्यायाम को शामिल करना होगा। आप धूप भी लें और भोजन भी शरीर के लिए जो हितकारी हो वही लें। ऑक्सीजन की हम व्यवस्था कर रहे हैं।
आप सभी से आग्रह है कि आप सभी लोग पेड़ ज़रूर लगाएँ। संक्रमण अभी रहेगा। हमें इससे बचने के लिए अपने आचरण में बदलाव लाना होगा। गाँव और शहर के लोगों से आग्रह है कि लंबे समय तक अब बड़े आयोजन नहीं हो पाएंगे। परिस्थिति सामान्य होने के बाद भी हमें सावधानी बरतना है।
मुख्यमंत्री ने कहा है कि साप्ताहिक संक्रमण की दर 14% है। कोरोना कर्फ्यू में अभी ढील नहीं दी जाएगी। क्राइसिस मैनेजमेंट ग्रुप अपने ज़िलों की स्थिति के अनुसार कर्फ्यू बढ़ाने का निर्णय लें। जहाँ संक्रमण की दर बहुत नीचे हैं, वे बैठक कर वैज्ञानिक रूप से कर्फ्यू खोलने पर विचार करें।
मुख्यमंत्री चौहान ने कहा है कि हम महिला स्वसहायता समूह का भी ध्यान रख रहे हैं। ज़रूरत पड़ने पर हम उनकी सेवाएँ लेंगे। वैक्सीन के बारे में भ्रम को हमें दूर करना होगा। 5.29 करोड़ वैक्सीन का ऑर्डर हमने दिया है। कोई इस मामले में भ्रम न फैलाये।
अस्पतालों के वॉर्ड का प्रबंधन भी ठीक ढंग से किया जाएगा। जो लोग COVID19 से ठीक हो गए हैं, मैं उनसे निवेदन करता हूँ कि क्या वे CoronaWarriors बन सकते हैं? इच्छुक व्यक्ति हम तक अपनी जानकारी पहुँचाएँ। एक महीने के अंदर 800 नर्स, 800 डॉक्टर और 800 टेक्नीशियन की भर्ती युद्ध स्तर पर करेंगे। हम बिस्तरों की संख्या भी बढ़ाते रहेंगे। 5,000 ऑक्सीजन बिस्तर बढ़ाए जा रहे हैं।
मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा है कि ब्लैक फंगस के पेशेंट भी आ रहे हैं। ऐसे भाई-बहनों का इलाज हम निःशुल्क करेंगे। हमारे COVID19 केयर सेंटर्स को पोस्ट कोविड केयर सेंटर भी बनाया जाएगा। इससे जो मरीज कोरोना के बाद अस्वस्थ हों, उनका इलाज हो सके। अगर कोई बच्चा अनाथ हो, उसकी सूची ज़िला क्राइसिस मैनेजमेंट ग्रुप बनाए, ताकि मदद दी जा सके। उन्हें निःशुल्क इलाज की व्यवस्था भी करना है। सरकारी व चिन्हित अस्पताल में और मुख्यमंत्री COVID19 उपचार योजनांतर्गत आयुष्मान कार्ड धारकों को निःशुल्क इलाज मिलेगा।
ज़िले की क्राइसिस मैनेजमेंट यह देखेगी की कोरोना कर्फ्यू ठीक से लागू हो। उन्हें ऑक्सीजन की आपूर्ति समेत अन्य आवश्यक व्यवस्थाएँ भी देखनी हैं। कालाबाज़ारी किसी भी कीमत पर नहीं होना चाहिए। हम कालाबाजारी करने वाले अनेक लोगों को जेल भेज चुके हैं। ब्लॉक की क्राइसिस मैनेजमेंट टीम यह काम देखेगी की किसी गाँव में संक्रमण फैल तो नहीं रहा। व्यवस्थाएँ ठीक बनी रहे, दवाओं समेत अन्य आवश्यक सामग्री की आपूर्ति हो, पेयजल, मनरेगा, राशन वितरण का कार्य भी यही देखेंगे।
मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा है कि एक स्वास्थ्य समिति बनाई जाए जिसमें गाँव के पटेल, मुकद्दम सहित महत्त्वपूर्ण लोग हों। वे लोग गांव में जनजागरुकता फैलाने का कार्य करेंगे। गेहूँ का उपार्जन जारी है। किसानों ने एक बार फिर अन्न के भंडार भर दिए हैं। मैं किसानों से अपील करता हूँ कि आप सब एक-एक कार अपना नंबर आने के बाद ही केंद्र पर जाएँ ताकि भीड़ न लगे और संक्रमण न फैले।
मुख्यमंत्री चौहान ने कहा है कि अगर मनरेगा की मजदूरी होना है और गाँव में 5 से ज़्यादा संक्रमित लोग हैं, वहाँ मज़दूरी कृपया रोक दें। जहाँ 5 से कम संक्रमित हों, वहाँ मज़दूरी जारी रहे। तेंदूपत्ते की तुड़ाई में भी इस बात का ध्यान रखना है। एक व्यक्ति के पास एक महीने में 10 किलो राशन जा रहा है। गाँव व वॉर्ड के क्राइसिस मैनेजमेंट ग्रुप यह सुनिश्चित करें कि इसका वितरण अच्छे से हो, भीड़ न लगे और लोगों को राशन मिल जाये।
मैं निवेदन करता हूँ कि अभी हमें ढिलाई नहीं बरतनी है। हमें अभी सावधानी का पालन करते रहना है। संक्रमण की चेन को हमें ही तोड़ना है।